सर्वाधिक पढ़ी गईं

1 अप्रैल के बाद टर्म इंश्योरेंस होगा महंगा, जानें क्या करें खरीदार ?

टर्म इंश्योरेंस प्लान्स के लिए प्रीमियम में जल्द 10 से 15 फीसदी की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है.

Updated: Mar 31, 2021 5:38 PM
term insurance will become expensive after 1 april know detailsटर्म इंश्योरेंस प्लान्स के लिए प्रीमियम में जल्द 10 से 15 फीसदी की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है.

टर्म इंश्योरेंस प्लान्स के लिए प्रीमियम में जल्द 10 से 15 फीसदी की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है. जहां कुछ बीमाकर्ताओं ने हाल के महीनों में प्रीमियम को बढ़ा दिया है, कुछ दूसरों के अप्रैल 2021 तक यह करने की उम्मीद है. RenewBuy के को-फाउंडर और प्रिंसिपल ऑफिसर इंद्रनील चैटर्जी ने कहा कि उपभोक्ताओं के लिए टर्म इंश्योरेंस प्लान्स के लिए कोविड-19 के बाद डिमांड में बढ़ोतरी और बीमाकर्ताओं द्वारा ज्यादा जोखिम का आकलन करने की वजह से 1 अप्रैल के बाद ज्यादातर बीमा कंपनियों द्वारा टर्म इंश्योरेंस प्लान्स के प्रीमियम बढ़ने जा रहे हैं.

इसलिए, जो लोग प्रीमियम में बढ़ोतरी से पहले टर्म इंश्योरेंस प्लान खरीदने की सोच रहे हैं, वे प्रक्रिया को तेज करने के लिए डिजिटल मॉडल को चुन सकते हैं. कई प्लेटफॉर्म जैसे सोशल मीडिया, वेबसाइट, ईमेल और ऐप्स का बीमाकर्ताओं से प्लान्स चुनने को लेकर सलाह लेने के लिए इस्तेमाल किए जा सकते हैं.

चैटर्जी ने कहा कि यहां डिजिटल की भूमिका उन लोगों के लिए बड़ी है, जो इस वित्त वर्ष के आखिर तक टर्म इंश्योरेंस प्लान खरीदना चाहते हैं. इंश्योरेंस खरीदने के लिए इसमें लंबे फॉर्म भरने और अनगिनत दस्तावेजों को पेश करने की जरूरत नहीं होती है. डिजिटल माध्यम और एजेंट्स द्वारा खरीदे इंश्योरेंस से उपभोक्ताओं को परिवार की जरूरतों के मुताबिक सही बीमा उत्पाद खरीदने में मदद मिलती है.

जानकारों के मुताबिक, 65 फीसदी लाइफ या टर्म इंश्योरेंस बीमा प्रक्रियाओं के पारंपरिक माध्यमों के जरिए खरीदे जाते हैं. ये एजेंट को मिलने, जानकारी इकट्ठा करने, पॉलिसी की खरीद के लिए दस्तावेजीकरण और क्लेम और अग्रीमेंट की ऑफलाइन प्रक्रियाओं पर निर्भर है. चैटर्जी ने आगे कहा कि पारंपरिक, ऑफलाइन और ब्रांच वाला इंश्योरेंस मॉडल इंश्योरेंस के लिए टीयर 2 और 3 शहरों में घुसना मुश्किल कर देता है. करीब 700 मिलियन ग्राहकों को इंश्योरेंस की जरूरत है, लेकिन पहुंच की कमी है.

टर्म इंश्योरेंस खरीदने में डिजिटल मॉडल कैसे मदद करता है?

जानकारों का कहना है कि डिजिटल इंश्योरेंस मॉडल से ग्राहकों को पारदर्शी, विश्वसनीय, बिना किसी रूकावट, पर्सनलाइज्ड और कम समय खर्च करने वाली प्रक्रिया के तहत टर्म इंश्योरेंस खरीदने में मदद मिलती है. ऐसे कुछ इंश्योरेंस एग्रीगेटर हैं, जिन्होंने इंश्योरेंस एडवायजर- डिजिटल मॉडल को अपनाया है. इन कंपनियों के इंश्योरेंस एडवायजर्स डिजिटल मोडल से युक्त हैं, जिससे वे पॉलिसी धारकों की सही टर्म इंश्योरेंस प्रोडक्ट के साथ मदद कर पाते हैं. इससे उपभोक्ता का ऑनलाइन खरीदने का समय ऑफलाइन के मुकाबले काफी घट जाता है.

इंश्योरेंस एडवायजर्स द्वारा चलाए जाने वाला डिजिटल मॉडल व्यक्ति की टर्म इंश्योरेंस कवरेज को कैलकुलेट करने में मदद करता है. इंश्योरेंस पॉलिसी को चुनने से लेकर अंडरराइटिंग और क्लेम करने की पूरी प्रक्रिया पॉलिसीधारकों के लिए आसान है.

New Wage Code: 1 अप्रैल से नहीं बदलेगा आपका सैलरी स्ट्रक्चर, इस कारण केंद्र सरकार नहीं लागू करेगी नया वेज कोड

टर्म इंश्योरेंस में बदलाव से मौजूदा पॉलिसीधारकों पर कैसे होगा असर?

जिन लोगों ने अपने लिए पहले से ही टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी खरीद ली है, उन्हें बढ़े हुए प्रीमियम का भुगतान करने की जरूरत नहीं होगी. चैटर्जी ने कहा कि बढ़ा हुआ प्रीमियम केवल उन लोगों के लिए लागू होगा, जो पॉलिसी को इस वित्त वर्ष के आखिर में खरीदते हैं, यानी 31 मार्च 2021 के बाद. इसका मतलब है कि अगर कोई व्यक्ति टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी वित्त वर्ष के खत्म होने से पहले खरीदता है, तो वह प्रीमियम में करीब 10-15 फीसदी की बचत कर सकता है.

(Story: Priyadarshini Maji)

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. निवेश-बचत
  3. 1 अप्रैल के बाद टर्म इंश्योरेंस होगा महंगा, जानें क्या करें खरीदार ?

Go to Top