मुख्य समाचार:
  1. LIC की खास पॉलिसी: अच्छे इंश्योरेंस कवर के साथ टैक्स बेनिफिट, सिंगल प्रीमियम का भी है ऑप्शन

LIC की खास पॉलिसी: अच्छे इंश्योरेंस कवर के साथ टैक्स बेनिफिट, सिंगल प्रीमियम का भी है ऑप्शन

अगर आप एक ऐसी इंश्योरेंस पॉलिसी ढूंढ रहे हैं, जिसमें अच्छे कवर के साथ टैक्स बेनिफिट्स भी हों और बार-बार प्रीमियम भरने का झंझट भी न हो तो LIC आपकी मदद करेगी.

July 16, 2019 7:51 AM

LIC’s Nav Jeevan offers good insurance cover, tax benefits with single or limited premium options

अगर आप एक ऐसी इंश्योरेंस पॉलिसी ढूंढ रहे हैं, जिसमें अच्छे कवर के साथ टैक्स बेनिफिट्स भी हों और बार-बार प्रीमियम भरने का झंझट भी न हो तो LIC आपकी मदद करेगी. LIC का एक प्लान इन सभी शर्तों को पूरा करता है. इस प्लान का नाम है नव जीवन प्लान.

LIC का नव जीवन प्लान एक नॉन-लिंक्ड विद प्रॉफिट एंडोमेंट एश्योरेंस प्लान है. इसमें सिंगल प्रीमियम या 5 साल के लिए ​लिमिटेड प्रीमियम विकल्प हैं. यह प्लान सिंगल प्रीमियम ऑप्शन के तहत उम्र के 90 दिन पूरे कर चुके इंडीविजुअल के लिए उपलब्ध है. वहीं लिमिटेड प्रीमियम में यह प्लान 2 विकल्पों में उपलब्ध है- पहला, 90 दिन पूरे होने के तहत और दूसरा 45 साल पूरे होने के तहत (निकटतम जन्मदिन).

किस उम्र तक ले सकते हैं

सिंगल प्रीमियम ऑप्शन में LIC नव जीवन प्लान 44 साल की उम्र के बाद ​नहीं लिया जा सकता. वहीं लिमिटेड प्रीमियम के ऑप्शन 1 में 60 साल पूरे होने और ऑप्शन 2 में 65 साल पूरे होने के बाद नहीं लिया जा सकता. इस प्लान के तहत पॉलिसी टर्म 10 साल से 18 साल तक का रहता है. सिंगल प्रीमियम ऑप्शन के तहत मैक्सिमम मैच्यो​रिटी एज 62 साल, लिमिटेड प्रीमियम के ऑप्शन 1 के तहत 75 साल और और ऑप्शन 2 के तहत 80 साल है.

एश्योर्ड सम

नव जीवन प्लान के तहत मिनिमम एश्योर्ड अमाउंट या एश्योर्ड सम 1 लाख रुपये है. इसमें मैक्सिमम एश्योर्ड अमाउंट की कोई लिमिट नहीं है. कोई भी इंडीविजुअल उम्र और इनकम लेवल पर निर्भर अपनी योग्यता के हिसाब से कवर ले सकता है. पॉलिसी का मैच्योरिटी पीरियड पूरा होने के बाद पॉलिसी होल्डर के जिंदा होने पर उसे बेसिक एश्योर्ड अमाउंट और लॉयल्टी एडिशन मिलेगा अगर कुछ हुआ तो. वहीं पॉलिसी होल्डर की मृत्यु के बाद मिलने वाली इंश्योरेंस की रकम इस तरह है…

  • पॉलिसी लेने के 5 साल के अंदर (जोखिम की शुरुआत होने की तारीख से पहले): चुकाया गया प्रीमियम बिना किसी इंट्रेस्ट के रिफंड किया जाएगा. इसमें अंडरराइटिंग प्रीमियम और राइडर प्रीमियम के चलते कोई टैक्स, या चुकाया गया कोई एक्स्ट्रा अमाउंट शामिल नहीं होगा.
  • पॉलिसी लेने के 5 साल के अंदर (जोखिम शुरू होने की तारीख के बाद): मृत्यु पर एश्योर्ड अमाउंट का भुगतान किया जाएगा.
  • पॉलिसी लेने के 5 साल के बाद: मृत्यु पर एश्योर्ड अमाउंट+ लॉयल्टी एडिशन

सिंगल प्रीमियम ऑप्शन के तहत मृत्यु पर सम एश्योर्ड या एश्योर्ड अमाउंट बेसिक सम एश्योर्ड या चुने गए बेसिक सम एश्योर्ड के लिए 10 गुना टैब्युलर सिंगल प्रीमियम होगा.

लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन 1 के तहत मृत्यु पर सम एश्योर्ड बेसिक सम एश्योर्ड या चुने गए बेसिक सम एश्योर्ड के लिए 10 गुना एनुअलाइज्ड प्रीमियम होगा.

लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन 2 के तहत मृत्यु पर सम एश्योर्ड बेसिक सम एश्योर्ड या चुने गए बेसिक सम एश्योर्ड के लिए 7 गुना एनुअलाइज्ड प्रीमियम होगा.

Mutual Fund: बैंक में पैसे रखकर क्यों झेल रहे हैं नुकसान? ऐसे करें निवेश, सभी जरूरतें होंगी पूरी

टैक्स बेनिफिट्स

चूंकि रिस्क कवर या डेथ सम एश्योर्ड सिंगल प्रीमियम या एनुअलाइज्ड लिमिटेड प्रीमियम से 10 गुना या इससे ज्यादा है, इसलिए इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80C और 10.10 (D) के तहत इनकम टैक्स बेनिफिट भी उपलब्ध होंगे.

मैच्योरिटी रिटर्न

इंश्योरेंस और टैक्स बेनिफिट्स के अलावा 10 लाख रुपये की पॉलिसी पर सिंगल प्रीमियम ऑप्शन के तहत मैच्योरिटी रिटर्न 6.5 फीसदी से ज्यादा (10 साल का टर्म लेने वाले 8 साल के बच्चे के लिए) से लेकर 3 फीसदी (10 साल का टर्म लेने वाले 44 साल के बुजुर्ग के लिए) तक है. हालांकि इंश्योरेंस कवर सिंगल प्रीमियम के अमाउंट का लगभग 10 गुना होगा. फिर चाहे प्रीमियम अमाउंट पर सालाना मैच्योरिटी बेनिफिट 3-6.5 फीसदी हो.

लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन 1 में 10 लाख रुपये की पॉलिसी पर मैच्योरिटी रिटर्न 5.44 फीसदी (10 साल का टर्म लेने वाले 8 साल के बच्चे के लिए) से लेकर लगभग 4.73 फीसदी (10 साल का टर्म लेने वाले 44 साल के बुजुर्ग के लिए) तक होगा.

इसी तरह लिमिटेड पीरियड ऑप्शन 2 के तहत 10 लाख रुपये की पॉलिसी पर मैच्योरिटी रिटर्न 5.05 फीसदी (10 साल का टर्म लेने वाले 45 साल के व्यक्ति के लिए) से लेकर लगभग 3.21 फीसदी (10 साल का टर्म लेने वाले 65 साल के बुजुर्ग के लिए) तक होगा.

पॉलिसी लैप्स होने का खतरा नहीं

इस तरह टैक्सपेयर 80C के तहत बेनिफिट लेते हुए नवजीवन प्लान के जरिए नाबालिग बच्चे के लिए इंश्योरेंस लेकर एक अच्छा रिटर्न हासिल कर सकता है. साथ में इस पर सॉवरेन गारंटी भी है. इसके अलावा टैक्सपेयर द्वारा 10 से 18 साल के टर्म वाले इस इंश्योरेंस को लेने पर वक्त पर प्रीमियम का भुगतान न होने पर पॉलिसी के लैप्स होने का भी चांस नहीं है. इसकी वजह है कि इसमें सिंगल प्रीमियम ऑप्शन है. या फिर केवल 5 साल प्रीमियम भरकर लाइफ कवर का फायदा ले सकते हैं.

2-10 साल की FD पर यहां मिलेगा 7.65% ब्याज; SBI, HDFC बैंक और ICICI बैंक भी रह गए पीछे

लोन लेने की भी सुविधा

LIC नवजीवन प्लान के तहत लोन फैसिलिटी भी है. पॉलिसी जारी होने के बाद 3 महीने पूरे होने पर सिंगल प्रीमियम ऑप्शन के तहत लोन मिल जाएगा. वहीं लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन में ऐसा पॉलिसी लेने के 2 साल बाद हो सकेगा. इसके अलावा पॉलिसी को सिंगल प्रीमियम ऑप्शन में कभी भी सरेंडर किया जा सकता है. वहीं लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन में ऐसा पॉलिसी जारी होने के 2 साल पूरे होने के बाद होगा.
लिमिटेड प्रीमियम ऑप्शन में एक्सीडेंटल डेथ और डिसएबिलिटी राइडर भी लिए जा सकते हैं लेकिन ऐसा 70 साल की उम्र से पहले ही किया जा सकेगा.

 

(डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट केवल इनफॉरमेशन के लिए है. हम आपको कोई निवेश सलाह नहीं दे रहे हैं. किसी भी प्लान में निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से विचार-विमर्श कर लें.)

Go to Top