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आयकर विभाग के नाम से मिला है नोटिस, असली है या फर्जी ऐसे करें चेक

इसके लिए आयकर विभाग की वेबसाइट पर ऑप्शन उपलब्ध करा दिया गया है.

Updated: Aug 26, 2019 2:12 PM

how to authenticate notice or order issued by income tax department

हाल ही में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इकोनॉमी को बूस्ट देने के लिए कुछ कदमों का एलान किया था. इन कदमों में टैक्सपेयर्स को राहत देने के लिए कुछ घोषणाएं भी शामिल थीं. इसके तहत 1 अक्टूबर 2019 को या इसके बाद इनकम टैक्स अथॉरिटीज की ओर से जारी होने वाले सभी नोटिस, ऑर्डर, समन को सेंट्रलाइज्ड कंप्यूटर सिस्टम से जारी किया जाएगा और इन पर एक कंप्यूटर जनरेटेड यूनीक डॉक्युमेंट आइडेंटिफिकेशन नंबर (DIN) मौजूद रहेगा.

टैक्सपेयर्स अब DIN के जरिए उन्हें मिलने वाले टैक्स नोटिस/ऑर्डर की प्रमाणिकता जांच कर सकते हैं कि वे असली हैं या फर्जी. इसके लिए आयकर विभाग की वेबसाइट पर ऑप्शन उपलब्ध करा दिया गया है. बता दें कि टैक्सपेयर्स को ईमेल किया जाने वाला हर नोटिस/ऑर्डर/डॉक्युमेंट विभाग के ई-फाइलिंग पोर्टल पर अपलोड किया जाता है. आइए जानते हैं टैक्स नोटिस की असलियत का पता लगाने के लिए क्या प्रॉसेस फॉलो करनी होती है…

  • सबसे पहले आयकर विभाग की वेबसाइट www.incometaxindiaefiling.gov.in पर जाएं.
  • यहां लेफ्ट यानी बायीं ओर ‘क्विक लिंक्स’ टैब के नीचे ‘ऑथेंटिकेट’ टैब दिखाई देगा. इसमें ‘नोटिस/ऑर्डर इश्यूड बाय ITD’ ऑप्शन पर क्लिक करें.

how to authenticate notice or order issued by income tax department

  • अब एक नया पेज खुलेगा. इसमें दो तरीकों से नोटिस/ऑर्डर की सत्यता की जांच की जा सकती है. एक DIN के जरिए और दूसरा पैन, असेसमेंट ईयर, नोटिस सेक्शन, नोटिस जारी होने का महीना और साल डालकर.
  • जो भी तरीका सुविधाजनक लगे, उसके तहत डिटेल्स भरने के बाद अंत में कैप्चा कोड डालना होगा. विजुअली हैंडीकैप्ड लोग कैप्चा कोड के बजाय मोबाइल पर ओटीपी पा सकते हैं.
  • आखिर में सबमिट पर क्लिक करें.

प्रॉसेस पूरी होने के बाद अगर आपको मिला नोटिस/ऑर्डर सही है, तो वही डॉक्युमेंट वेबसाइट पर भी दिखाई पड़ेगा. यहां एक मैसेज शो होगा- ‘यस, नोटिस इज वैलिड एंड इश्यूड बाय इनकम टैक्स अथॉरिटी.’

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इन कदमों का भी हुआ एलान

  • DIN के बिना जारी हुए किसी भी नोटिस/ऑर्डर को गैर-कानूनी माना जाएगा.
  • 1 अक्टूबर 2019 से पहले जारी हुए सभी पुराने नोटिस 31 अक्टूबर 2019 तक विभाग की वेबसाइट पर अपलोड कर दिए जाएंगे.

सरकार के पास आए दिन टैक्सपेयर्स की ओर से शिकायतें आती रहती हैं कि टैक्स नोटिस, समन, ऑर्डर आदि मिलने के चलते कुछ इनकम टैक्स अथॉरिटीज द्वारा उनका उत्पीड़न किया जा रहा है. घोषित किए गए कदमों के पीछे सरकार का मकसद ऐसी घटनाओं और फर्जी टैक्स नोटिस/ऑर्डर पर लगाम कसना है.

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