मुख्य समाचार:

Home Loan Tax Benefit: होम लोन पर करें टैक्स की बचत, जानें छूट का फायदा उठाने के 4 तरीके

आप होम लोन पर कई सेक्शन के तहत टैक्स की बचत कर सकते हैं.

February 2, 2020 12:18 PM
Home Loan Tax Benefit how to save income tax on home loans know detailsआप होम लोन पर कई सेक्शन के तहत टैक्स की बचत कर सकते हैं.

Budget 2020: बजट में आयकर दाताओं के लिए नए टैक्स स्लैब का एलान किया गया है. हालांकि, इसे अभी वैकल्पिक रखा गया है. यानी, करदाता मौजूदा कर व्यवस्था के तहत भी अपनी टैक्स देनदारी कर सकते हैं. मौजूदा कर व्यवस्था के तहत वेतनभोगी आयकर दाता की सालाना आय अगर 2.5 लाख रुपये से ज्यादा है तो वह आयकर के दायरे में आता है. हालांकि रिबेट बेनिफिट बढ़ाए जाने के चलते अब 5 लाख रुपये तक की आय टैक्स फ्री हो गई है. आयकर कानून विभिन्न सेक्शंस द्वारा व्यक्तिगत करदाता और कंपनियों दोनों को टैक्स कटौती की सहूलियत देता है. सैलरीड क्लास के लिए ऐसे विकल्प मौजूद हैं. विभिन्न सेक्शंस के तहत व्यक्तिगत सैलरीड क्लास करदाता निवेश और खर्च जैसे- स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स, NPS, लोन, डोनेशन, बच्चों की फीस, माता-पिता का इलाज या इंश्योरेंस आदि के जरिए आयकर बचा सकते हैं.

इनमें होम लोन भी शामिल है जिसमें आप कई सेक्शन के तहत टैक्स की बचत कर सकते हैं. अगर आपने होम लोन ले रखा है, तो इनका ध्यान रखना जरूरी है.

सेक्शन 80C: 1.5 लाख रुपये तक की छूट

व्यक्ति होम लोन की प्रिंसिपल राशि के पुनर्भुगतान पर सेक्शन 80C के तहत 1.5 लाख रुपये तक की टैक्स छूट को क्लेम कर सकता है. होम लोन आवासीय प्रॉपर्टी को खरीदने या निर्माण के लिए लिया हो सकता है. यह याद रखें कि प्रॉपर्टी का निर्माण जिस वित्तीय वर्ष में आपने लोन लिया है, उसके आखिर से 5 साल की अवधि के भीतर पूरा होना चाहिए. इसके साथ ही अगर प्रॉपर्टी को 5 साल के अंदर ट्रांसफर या बेचा जाता है, तो क्लेम किया गया टैक्स डिडक्शन को सेल के साल में आपकी इनकम में दोबारा जोड़ा जाएगा और फिर आपकी वर्तमान में मौजूद टैक्स स्लैब के मुताबिक टैक्स लगाया जाएगा.

सेक्शन 24B: 2 लाख रुपये तक की छूट

होम लोन पर ब्याज को दो कैटेगरी में बांटा जाता है- निर्माण पूरा होने के पहले की ब्याज और निर्माण पूरा होने के बाद की अवधि के बाद की ब्याज. निर्माण पूरा होने के बाद की अवधि में भुगतान किए गए ब्याज के लिए इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 24b के तहत 2 लाख रुपये तक का टैक्स डिडक्शन मिलता है. किराये की प्रॉपर्टी पर ब्याज कटौती के लिए क्लेम करने की कोई ऊपरी सीमा नहीं है. यह डिडक्शन केवल उसी साल से क्लेम किया जा सकता है जिसमें घर का निर्माण पूरा हुआ है.

अधिकतर लोग निर्माणाधीन प्रॉपर्टी के लिए होम लेन लेते हैं और बाद में उसका पजेशन मिलता है, लेकिन होम लोन का भुगतान लोन लेने के तुरंत बाद शुरू हो जाता है. ऐसे लोगों के लिए सेक्शन 24b के भीतर निर्माण पूरा होने से पहले की अवधि के लिए 5 साल तक की अवधि में ब्याज पर 5 साल तक(5 समान किस्तों में) टैक्स डिडक्शन क्लेम किया जा सकता है.

इस बात का ध्यान रखें कि इसमें अधिकतम 2 लाख रुपये तक की ऊपरी सीमा है जिस पर क्लेम किया जा सकता है.

सेक्शन 80EEA: 1.5 लाख रुपये तक की छूट

2019 के बजट में 1 अप्रैल 2019 और 31 मार्च 2020 के बीच लिए गए होम लोन की ब्याज के भुगतान पर 1.5 लाख रुपये की अतिरिक्त छूट का एलान किया गया था. सेक्शन 80EEA के तहत टैक्स छूट के लिए प्रॉपर्टी की कीमत 45 लाख रुपये तक होनी चाहिए. यह बेनेफिट केवल पहली बार घर खरीदने वाला व्यक्ति ही ले सकता है. बजट 2020 में इस सेक्शन का फायदा एक और साल के लिए बढ़ा दिया गया है और अब इस सेक्शन के तहत टैक्स छूट का फायदा 31 मार्च 2021 तक मिलेगा.

आधार और PAN कार्ड की नहीं दी जानकारी, गंवानी पड़ेगी साल की 20 फीसदी कमाई

सेक्शन 80C: स्टैम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन चार्ज पर डिडक्शन

आप स्टैम्प ड्यूटी, रजिस्ट्रेशन चार्ज और दूसरे खर्च जो प्रॉपर्टी खरीदने के दौरान किए गए हैं, उन पर टैक्स बेनेफिट के लिए क्लेम कर सकते हैं. इसके लिए सेक्शन 80C के भीतर 1.5 लाख रुपये तक की सीमा का क्लेम कर सकते हैं. यह उसी साल में किया जा सकता है जिसमें आपके खर्च हुए हों.

(By: रतन चौधरी, Home Loans Head, Paisabazaar.com)

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. निवेश-बचत
  3. Home Loan Tax Benefit: होम लोन पर करें टैक्स की बचत, जानें छूट का फायदा उठाने के 4 तरीके

Go to Top