मुख्य समाचार:
  1. TCS अमेरिकन से नहीं करती भेदभाव , ‘Racism’ पर US ज्यूरी ने इंडियन IT कंपनी को दी क्लीन चिट

TCS अमेरिकन से नहीं करती भेदभाव , ‘Racism’ पर US ज्यूरी ने इंडियन IT कंपनी को दी क्लीन चिट

अमेरिकन इंम्प्लॉइज के साथ भेदभाव के आरोप पर कैलिफोर्निया की जूरी ने TCS को क्लीन चिट दे दी है.

November 29, 2018 11:02 AM
TCS, US Jury Clean Chit, On Racism Claim, Ex Employee, टाटा कंसल्टेंसी (TCS), Bias, South Asian, Non South Asianअमेरिकन इंम्प्लॉइज के साथ भेदभाव के आरोप पर कैलिफोर्निया की जूरी ने TCS को क्लीन चिट दे दी है.(Reuters)

इंडिया की सबसे बड़ी आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी (TCS) को अमेरिका में बड़ी राहत मिली है. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकन इंम्प्लॉइज के साथ भेदभाव के आरोप पर कैलिफोर्निया की जूरी ने टीसीएस को क्लीन चिट दे दी है. जांच के बाद जूरी ने कहा है कि इंडियन कंपनी टीसीएस एंटी अमेरिकन नहीं है. कंपनी में काम करने वाले 4 पूर्व कर्मचारियों ने ये आरोप लगाए थे. पिछले दिनों इन्हें कंपनी ने हटा दिया था.

क्या था आरोप

बता दें कि 4 पूर्व कर्मचारियों ने कंपनी पर ये आरोप लगाए थे कि उन्हें सिर्फ इसलिए निकाल दिया गया क्योंकि वे साउथ एशियन नहीं हैं. इसके पहले भी इंडियन आईटी कंपनियों पर हायरिंग को लेकर भेदभाव के आरोप लग चुके हैं. फिलहाल जूरी द्वारा क्लीन चिट मिलने से इंडियन आउटसोर्सिंग इंडस्ट्री को भी बड़ी राहत मिली है, जिनका बिजनेस मॉडल यूएसए में इंजीनियर्स के एक्सपोर्ट पर टिका है. के लिए बड़ी जीत मानी है.

आरोप में यह भी कहा गया था कि अमेरिका में आईटी सेक्टर में साउथ एशियन सिर्फ 12 फीसदी हैं, जबकि टीसीएस में इनकी संख्या 80 फीसदी के करीब है.

बेहतर संकेत

ब्लूमबर्ग इंटेलिजेंस के एनालिस्ट अनुराग राना का कहना है कि जब यूएस में इंडियन आईटी कंपनियों को वीजा या ऐसे दूसरे मसले पर राहत नहीं मिल रही है, जूरी द्वारा क्लीन चिट मिलना अच्छा संकेत है. इस बीच गुरूवार को टीसीएस का शेयर बीएसई पर फ्लैट 1976 रुपये के भाव पर कारोबार कर रहा है. बता दें कि कंपनी का शेयर पिछले एक साल में करीब 50 फीसदी बढ़ चुका है और 30 नवंबर 2017 से अबतक शेयर 1317 रुपये से बढ़कर 1976 रुपये के भाव पर आ गया है.

क्या कहना है TCS का

TCS के स्पोकपरसन बेन ट्राउनसन ने इस बारे में कहा कि पूर्व कर्मचारियों का आरोप बेबुनियाद था. हमें जूरी पर पूरा भरोसा था, जिन्होंने हमारे फेवर में फैसला दिया. उन्होंने ईमेल से बताया कि हम किसी कर्मचारी को रखने का फैसला पूरी तरह से उसकी योग्यता को देखकर लेते हैं. बता दें कि TCS के पूरी दुनिया में 4 लाख के करीब कर्मचारी काम कर रहे हैं.

Go to Top

FinancialExpress_1x1_Imp_Desktop