मुख्य समाचार:
  1. महंगे पेट्रोल-डीजल से राहत मिलने की उम्मीद कम, 83 डॉलर के स्तर तक जा सकता है क्रूड

महंगे पेट्रोल-डीजल से राहत मिलने की उम्मीद कम, 83 डॉलर के स्तर तक जा सकता है क्रूड

एक्सपर्ट का कहना है कि ब्रेंट क्रूड आगे 83 डॉलर के स्तर तक भी जा सकता है. ऐसे में घरेलू स्तर पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों से राहत मिलने की उम्मीद कम है. आगे कीमतें और बढ़ सकती हैं.

September 12, 2018 2:18 PM
petrol, diesel, prices, brent crude, WTI crude, पेट्रोल और डीजल, राहत मिलने की उम्मीद कम, oil companies, marginएक्सपर्ट का कहना है कि ब्रेंट क्रूड आगे 83 डॉलर के स्तर तक भी जा सकता है. ऐसे में घरेलू स्तर पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों से राहत मिलने की उम्मीद कम है. आगे कीमतें और बढ़ सकती हैं. (Reuters)

अंतर्राष्ट्रीय बाजार में क्रूड मई 2018 के बाद नई ऊंचाई पर पहुंच गया है. बुधवार को क्रूड 79.66 डॉलर प्रति बैरल के भाव तक आ गया. कमोडिटी एक्सपर्ट का कहना है कि ग्लोबल टेंशन और ट्रेड वार बढ़ने की आशंका के चलते डिमांड बढ़ने से क्रूड में तेजी का रुख है. ऐसे में ब्रेंट क्रूड आगे 83 डॉलर के स्तर तक भी जा सकता है. ऐसे में घरेलू स्तर पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों से राहत मिलने की उम्मीद कम है.

इन वजहों से क्रूड में तेजी का रहेगा रुख

इस साल क्रूड 24 फीसदी से ज्यादा महंगा हो चुका है. एंजेल ब्रोकिंग के कमोडिटी एंड करंसी रिसर्च के वाइस प्रेसिडेंट और क्रूड मामलों के जानकार अनुज गुप्ता का कहना है कि अमेरिका में तेल का भंडार घटने और अमेरिकी प्रतिबंध के कारण ईरान से तेल की सप्लाई कम होने से क्रूड की कीमतों में तेजी का रुख है। वहीं, अमेरिका में हेरिकेन सीजन की वजह से भी प्रोडक्शन प्रभावित हो सकता है. आगे विंटर सीजन शुरू होने से डिमांड बढ़ेगी, जिससे कीमतों को सपोर्ट मिलेगा.

कीमतों में उछाल

ब्रेंट क्रूड के नवंबर डिलीवरी वायदे में बुधवार को शुरुआती कारोबार के दौरान 79.66 डॉलर प्रति बैरल तक उछाल देखा गया, जो कि 22 मई 2018 के बाद का ऊपरी स्तर है। वहीं, अमेरिकी लाइट क्रूड वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट यानी डब्ल्यूटीआई फिर 70 डॉलर के पार चला गया। डब्ल्यूटीआई में 70.14 डॉलर तक उछाल दिखा.

83 डॉलर तक जा सकते हैं भाव

अनुज गुप्ता का कहना है कि अमेरिकी प्रतिबंध के कारण ईरान से तेल की सप्लाई लगातार घट रही है। लीबिया में कुछ घरेलू कंसर्न है. ऐसे में जबतक सऊदी अरब जबतक क्रूड का प्रोडक्शन नहीं बढ़ाएगा, सप्लाई पर दबाव रहेगा. उनका मानना है कि क्रूड में तेजी जारी रहेगी. अगर क्रूड 80 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को तोड़ता है तो वह आगे 83 डॉलर प्रति बैरल के भाव तक पहुंच सकता है. वहीं, डब्ल्यूटीआई में 74 डॉलर प्रति बैरल तक का स्तर दिख सकता है।

पेट्रोल और डीजल में राहत की उम्मीद कम

केडिया कमोडिटी के डायरेक्टर अजय केडिया का कहना है कि क्रूड में तेजी का रुख जारी रहने की उम्मीद है. ऐसे में तेज कंपनियों के मार्जिन पर दबाव रहेगा. क्रूड अगर 80 डॉलर के पार जाता है तो मौजूदा स्तर से डीजल और पेट्रोल में 2 से 3 रुपये और तेजी आ सकती है. अनुज गुप्ता का कहना है कि क्रूड में तेजी रहने और डॉलर के मुकाबले रुपये में कमजोरी आने के कारण फिलहाल डीजल और पेट्रोल की महंगाई से निजात मिलने की संभावना नहीं दिख रही है। आगे कीमतें और बढ़ेंगी.

पेट्रोल मुंबई में 90 के करीब

बुधवार को दिल्ली में पेट्रोल का भाव 80.87 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 72.97 रुपये प्रति लीटर था। वहीं, मुंबई में पेट्रोल 88.26 रुपये प्रति लीटर और डहजल 77.27 रुपये प्रति लीटर के भाव पर है. ऐसे में अगर 2 से 3 रुपये कीमतें बढ़ीं तो मुंबई में पेट्रोल 90 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच जाएगा.

रुपये ने छुआ या 72.91/डॉलर का भाव

मंगलवार को रुपया 22 पैसे कमजोर होकर 72.91 प्रति डॉलर के रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गया. रुपये की शुरूआत 9 पैसे की कमजोरी के साथ 72.78 के भाव पर हुई. डॉलर के मुकाबले भारतीय मुद्रा रुपया मंगलवार को 72.69 प्रति डॉलर के नए निचले स्तर पर बंद हुआ था. विश्लेषकों के मुताबिक, अनुमान है कि महंगाई दर अधिक रहेगी, ग्लोबल व्यापार में संरक्षणवाद और देश के इक्विटी बाजार से विदेशों से निवेश की गई रकम को वापस निकालने से भारतीय रुपये में गिरावट आ रही है. रुपये में अभी गिरावट बढ़ेेगी और यह 74 के भाव तक टूट सकता है.

Go to Top