मुख्य समाचार:

IT विभाग ने शुरू किया बड़ा अभियान, नपेंगे विदेशों में अवैध संपत्ति रखने वाले

आयकर विभाग ने भारतीयों के विदेशों में जमा अवैध धन और संपत्ति से संबद्ध मामलों की जांच के लिए बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया है.

October 22, 2018 7:42 PM
I-T dept, major drive, Indians with illegal foreign assets, illegal foreign assets, foreign assets, financial express hindiआयकर विभाग ने भारतीयों के विदेशों में जमा अवैध धन और संपत्ति से संबद्ध मामलों की जांच के लिए बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया है. (Photo source- PTI)

आयकर विभाग ने भारतीयों के विदेशों में जमा अवैध धन और संपत्ति से संबद्ध मामलों की जांच के लिए बड़े स्तर पर अभियान शुरू किया है. विभाग ऐसे मामलों में कड़ी आपराधिक कार्रवाई के लिए कालाधन निरोधक कानून का उपयोग कर सकता है.

अधिकारियों ने कहा कि विभाग अन्य देशों के कर विभागों के साथ मिलकर विदेशों में हजारों भारतीयों द्वारा जमा कालाधन और खरीदी गई संपत्ति की जांच कर रहा है. केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) के चेयरमैन सुशील चंद्रा ने इस कदम की पुष्टि की लेकिन इस बारे में कुछ भी बताने से मना कर दिया.

कई मामलों में लोगों को नोटिस जारी कर सौदों के बारे में स्पष्टीकरण देने को कहा गया है. अधिकारियों के अनुसार ऐसे कई मामलों में नामी और चर्चित लोग हैं. कई उच्च नेटवर्थ वाले लोग जांच के घेरे में हैं. हालांकि, नए कालाधन निरोधक कानून के तहत केवल उन्हीं मामलों में आपराधिक कार्रवाई होगी जो आयकर रिटर्न में कर अधिकारियों के समक्ष नहीं आया या कर चोरी के इरादे से किए गए.

सरकार नया कानून-कालाधन (अघोषित विदेशी आय और संपत्ति) कर अधिनियम, 2015 का अधिरोपण लाई है.नया कानून विदेशों में खरीदी गई अवैध संपत्ति से जुड़े मामलों से संबंद्ध रखता है. इस नए कानून के तहत अघोषित विदेशी संपत्ति और आय पर 120 प्रतिशत कर और जुर्माना देने का प्रावधान है. इसके अलावा इसमें 10 साल तक की जेल का भी प्रावधान है.

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. राष्ट्रीय
  3. IT विभाग ने शुरू किया बड़ा अभियान, नपेंगे विदेशों में अवैध संपत्ति रखने वाले

Go to Top