मुख्य समाचार:

Yes बैंक का SBI के साथ मर्जर का कोई प्लान नहीं, RBI को लौटाए पूरे 50 हजार करोड़

Yes Bank Repays to RBI: यस बैंक ने मार्च में स्पेशल लिक्विडिटी फैसिलिटी के लिए RBI से जो 50,000 करोड़ रुपए लिए थे, वह पूरी तरह लौटा दिए.

September 11, 2020 8:27 AM
Yes Bank, SBI, Yes Bank has fully repaid the 50,000 crore provided by RBI, special liquidity facility, SLF, Yes Bank chairman Sunil Mehta, default, yes bank management, yes bank bailout packageYes Bank Repays to RBI: यस बैंक ने मार्च में स्पेशल लिक्विडिटी फैसिलिटी के लिए RBI से जो 50,000 करोड़ रुपए लिए थे, वह पूरी तरह लौटा दिए.

Yes Bank Repays to RBI: यस बैंक ने मार्च में स्पेशल लिक्विडिटी फैसिलिटी के लिए RBI से जो 50,000 करोड़ रुपए लिए थे, वह पूरी तरह लौटा दिए. बैंक के चेयरमैन सुनील मेहता ने शेयरहोल्डर्स के साथ वर्चुअल सालाना आम बैठक में इसकी जानकारी दी है. उन्होंने कहा कि हमने स्पेशल लिक्विडिटी फंड के तौर पर RBI से जो 50,000 करोड़ रुपए लिए थे, वह 8 सितंबर तक पूरी तरह लौटा दिए. इसी के साथ ही यह भी साफ किया कि बैंक का एसबीआई के साथ मर्जर का कोई प्लान नहीं है. आज बैंक के शेयरों में अच्छी तेजी की उम्मीद है.

मार्च में लगी थी पाबंदी

मार्च में सरकार और आरबीआई ने यस बैंक के पूरे बोर्ड को बदल दिया था और कुछ दिनों के लिए डिपॉजिटर्स को बैंक से पैसे निकालने की मानाही कर दी थी. उसके बाद नई मैनेजमेंट टीम बनाई गई और तमाम पाबंदियां हटा ली गईं. वहीं बैंक ने पैनडेमिक में अना संचालन सही से जारी रखने के लिए 15 हजार करोड़ रुपये भी जुटाए. वर्चुअल मीटिंग में मेहता ने कहा कि हमें खुशी हो रही है कि हमने ड्यू डेट के पहले ही आरबीआई के पूरे 50 हजार करोड़ रुपये लौटा दिए हैं.

सितंबर तक थी अवधि

बता दें कि पाबंदियां खत्म होने के बाद लोग यस बैंक से अपना पैसा निकालने लगे थे, जबकि डिपॉजिट नहीं हो रहा था. ऐसे में बैंक पेमेंट पर डिफॉल्ट ना करे इसलिए RBI ने यस बैंक को स्पेशल लिक्विडिटी फैसिलिटी के तहत 50,000 करोड़ रुपए का फंड दिया था. RBI ने पहले यह फंड सिर्फ तीन महीनों के लिए दिया था लेकिन बाद में इसकी अवधि और तीन महीने के लिए बढ़ाकर मध्य सितंबर तक कर दिया था.

SBI के साथ विलय नहीं

शेयरधारकों के सवालों का जवाब देते हुए मेहता ने कहा कि यस बैंक का SBI के साथ विलय नहीं होने वाला है. उन्होंने कहा कि ऐसे किसी प्रस्ताव पर ना तो बैंक ने और ना ही अथॉरिटी ने कोई चर्चा की है. कुछ निवेशकों ने इस बात पर भी चिंता जताई कि बैंक के रीकंस्ट्रक्शन के बाद 25 फीसदी से ज्यादा शेयर बेचने पर 3 साल की रोक लगा दी गई है. इस पर बैंक के MD और CEO प्रशांत कुमार ने कहा कि शेयरों के बेचने पर तीन साल तक रोक लगाना शेयरधारकों के पक्ष में है. प्रशांत कुमार ने कहा कि बैंक ने पहली तिमाही में अपना खर्च 20 फीसदी घटाने में कामयाब रही है. इसके साथ ही बैंक के कामकाज को देखने के लिए कंसल्टेंट की नियुक्ति भी की गई है.

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. कारोबार बाजार
  3. Yes बैंक का SBI के साथ मर्जर का कोई प्लान नहीं, RBI को लौटाए पूरे 50 हजार करोड़

Go to Top