मुख्य समाचार:

लिस्टेड कंपनियां कर्ज चुकाने में करती हैं डिफॉल्ट, तो 30 दिनों बाद खुलासा करना होगा जरूरी

बाजार नियामक SEBI ने लिस्टेड कंपनियों के लिए लोन डिफॉल्ट मामले में खुलासा नियमों को सख्त बनाया है.

November 21, 2019 12:28 PM
SEBI tightens disclosure norms on loan defaults, listed companies, stock market regulator, लोन डिफॉल्ट मामले में खुलासा, interest of investors, transparency, IL&FSबाजार नियामक SEBI ने लिस्टेड कंपनियों के लिए लोन डिफॉल्ट मामले में खुलासा नियमों को सख्त बनाया है.

SEBI Decision On Loan Default: बाजार नियामक सिक्यॉरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) ने लिस्टेड कंपनियों के लिए लोन डिफॉल्ट मामले में खुलासा नियमों को सख्त बनाया है. सेबी ने कहा है कि लिस्टेड कंपनियां अगर बैंकों और वित्तीय संस्थानों को ब्याज या कर्ज की किस्त चुकाने में 30 दिनों से अधिक की देरी करती हैं तो उन्हें उसकी जानकारी स्टॉक एक्सचेंजों को देनी होगी. लोन डिफॉल्ट की जानकारी 30वें दिन के बाद अगले 24 घंटे के अंदर देनी होगी. नया नियम एक जनवरी 2020 से लागू होगा.

सेबी चेयरमैन अजय तयागी ने निदेशक मंडल की बैठक के बाद कहा कि कर्ज भुगतान में असफलता को लेकर नए खुलासा नियमों का उद्देश्य निवेशकों की मदद के लिये और पारदर्शिता लाना है. नियामक ने कहा कि कर्ज के मूलधन या ब्याज की अदायगी में 30 दिनों से ज्यादा की देरी होने पर लिस्टेड कंपनियों को 24 घंटे के अंदर समय पर कर्ज भुगतान नहीं कर पाने के बारे में तथ्यों का खुलासा करना होगा.

निवेशकों को जानकारी होना जरूरी

त्यागी ने कहा कि ब्याज या मूलधन चुकाने में चूक होती है और 30 दिन के बाद भी जारी रहता है तो 30वें दिन के बाद 24 घंटे के अंदर सूचीबद्ध कंपनियों को शेयर बाजार के सामने इसका खुलासा करना होगा. इसके पीछे वजह है कि ज्यादा से ज्यादा जानकारी सार्वजनिक मंच पर होनी चाहिए ताकि निवेशकों और अन्य हितधारकों को यह पता चलता रहे कि क्या चल रहा है. सेबी ने कहा कि यह फैसला सूचीबद्ध कंपनियों के समय पर कर्ज किस्त का भुगतान नहीं कर पाने से जुड़ी जानकारी की कमी को दूर करने के लिए किया गया है.

डिफॉल्ट के कई मामले सामने आए

उन्होंने कहा कि निदेशक मंडल कर्ज अदायगी में एक दिन की भी देरी होने पर जानकारी देने के नियम पर सहमत नहीं था और 30 दिन की अवधि वाला नियम “लागू करने योग्य” है. उल्लेखनीय है कि आईएलएंडएफएस समेत कई कंपनियों द्वारा समय पर कर्ज का भुगतान नहीं कर पाने जैसी कई घटनाएं सामने आई हैं. कई मामलों में कर्ज चुकाने में देरी की जानकारी बहुत देरी से दी गई.

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. कारोबार बाजार
  3. लिस्टेड कंपनियां कर्ज चुकाने में करती हैं डिफॉल्ट, तो 30 दिनों बाद खुलासा करना होगा जरूरी

Go to Top