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Nifty 50 ETF Vs डाइवर्सिफाई फंड: बाजार में कोरोना संकट, म्यूचुअल फंड में निवेश का कौन सा तरीका होगा ‘स्मार्ट’

क्या कोरोना संकट में Nifty 50 ETF या डाइवर्सिफाई फंड में पैसा लगाना बेहतर विकल्प होगा.

April 8, 2020 2:32 PM
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Nifty 50 ETF Vs डाइवर्सिफाई फंड: कोरोना वायरस के चलते पिछले 2 महीनों से कैपिटल मा​र्केट की हालत खराब है. शेयर बाजार में करीब 30 फीसदी गिरावट आई है. वहीं इक्विटी म्यूचुअल फंड में निवेशकों का पैसा डूब रहा है. पिछले 3 महीने की बात करें तो इक्विटी फंड के हर सेग्मेंट में डबल डिजिट में निगेटिव रिटर्न मिला है. ऐसे में म्यूचुअल फंड निवेशक घबराए हुए हैं. बहुत से निवेशक बाजार से बाहर आने के रास्ते तलाश रहे हैं. क्या ऐसी कंडीशन में Nifty 50 ETF या डाइवर्सिफाई फंड में पैसा लगाना बेहतर विकल्प होगा. एक्सपर्ट का मानना है कि कंजर्वेटिव निवेशकों के लिए अभी ईटीएफ में निवेश बेहतर विकल्प हो सकता है. जबकि एग्रेसिव इन्वेस्टर डाइवर्सिफाई फंड पर दांव लगा सकते हैं.

Nifty 50 ETF

एक्सपर्ट का कहना है कि जो निवेशक कंजर्वेटिव हैं और बाजार का रिस्क नहीं लेना चाहते हैं, उन्हें ईटीएफ में पैसा लगाना चाहिए. ईटीएफ या एक्सचेंज ट्रेडेड फंड शेयरों के एक सेट में निवेश करते हैं. ये अमूमन एक खास इंडेक्स को ट्रैक करते हैं. ईटीएफ को केवल स्टॉक एक्सचेंज से खरीदा या बेचा जा सकता है, जिस तरह आप शेयरों को खरीदते हैं.

क्यों बेहतर है विकल्प: 3 कारण

एक्सपर्ट का कहना है कि मौजूदा समय ETF निवेश का अच्छा विकल्प है. BPN फिनकैप कंसलटेंट्स प्राइवेट लिमिअेड के सीईओ एके निगम का कहना है कि इसे इस तरह से समझ सकते हैं कि यह इंडेक्स का ही रेप्लिका होता है. कहने का मतलब यह है कि इंडेक्स में जितनी तेजी आएगी, अमूमन इन्हें भी ग्रोथ का उतना फायदा मिल सकता है. अभी शेयर बाजार में अच्छी खासी गिरावट आ चुकी है. लेकिन बाजार में कोई भी गिररवट स्थाई नहीं होती है. एक बार कोरोना और मंदी जैसे मौजूदा इश्यू खत्म होते हैं तो बाजार फिर स्पीड पकड़ेगा. सेंसेक्स हो या निफ्टी दोनों में खासी गिरावट आ चुकी है. ऐसे में रैली आने पर ये इंडेक्स भी तेजी से मजबूत होंगे, जिनका फायदा ETF निवेशकों को मिलेगा. दूसरा एक बड़ा फायदा यह है कि ज्यादातर इंडेक्स बेस्ड ETF का एक्सपेंस रेश्यो भी कम होता है. यानी इनमें निवेश करना सस्ता होता है.

HDFC निफ्टी 50 ETF

लांच डेट: 09 दिसंबर, 2015
लांच के बाद से रिटर्न: 4.59 फीसदी
एक्सपेंस रेश्यो: 0.05 फीसदी
एसेट: 335 करोड़

ICICI प्रू निफ्टी 50 ETF

लांच डेट: 23 अगस्त, 2018
लांच के बाद से रिटर्न: -18 फीसदी
एक्सपेंस रेश्यो: 0.15 फीसदी
एसेट: 39 करोड़

UTI निफ्टी ETF

लांच डेट: 26 अगस्त, 2015
लांच के बाद से रिटर्न: 4.15 फीसदी
एक्सपेंस रेश्यो: 0.07 फीसदी
एसेट: 16025 करोड़

कोटक निफ्टी ETF

लांच डेट: 2 फरवरी, 2010
लांच के बाद से रिटर्न: 10 फीसदी
एक्सपेंस रेश्यो: 0.14 फीसदी
एसेट: 988 करोड़

डाइवर्सिफाई फंड

एक्सपर्ट का मानना है कि आने वाले दिनों में बाजार में एक बार फिर तेजी लौटेगी. उसका फायदा उन सभी शेयरों को मिलेगा, जो फंडामेंटली मजबूत होने के बाद भी इस करेक्शन में सस्ते हो गए हैं. चाहें वे लॉर्जकैप हों या मिडकैव व स्मालकैप. ऐसे में अगर एग्रेसिव इन्वेस्टर हैं तो उनके लिए डाइवर्सिफाई फंड में पैसा लगाना बेहतर स्ट्रैटेजी होगी. हालांकि उन्हें कम से कम 5 साल का लक्ष्य लेकर ही निवेश करना चाहिए.

ये हो सकते हें बेहतर फंड

SBI फोकस्ड इक्विटी फंड
एक्सिस फोकस्ड 25 फंड
IIFL फोकस्ड इक्विटी फंड
इन्वेस्को इंडिया मल्टीकैप फंड
IDFC मल्टीकैप फंड
Kotak स्टैंडर्ड मल्टीकैप फंड

(नोट: हमने यहां जानकारी फंड के प्रदर्शन और एक्सपर्ट की सलाह के आधार पर दी है. बाजार के जोखिम को देखते हुए निवेश के पहले एक्सपर्ट से सजाह जरूर लें.)

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