सर्वाधिक पढ़ी गईं

Crude Outlook: ग्लोबल डिमांड बढ़ने से महंगा होगा क्रूड, अर्थव्यवस्था के लिए क्या हैं इसके मायने

Crude Price: 2 नवंबर के बाद से कच्चे तेल की कीमतों में तेजी जारी है.

Updated: Dec 17, 2020 2:21 PM
Crude OutlookCrude Price: 2 नवंबर के बाद से कच्चे तेल की कीमतों में तेजी जारी है.

Crude Price: 2 नवंबर के बाद से कच्चे तेल की कीमतों में तेजी जारी है. तबसे अब तक WTI क्रूड और ब्रेंट क्रूड की कीमतों में 27 फीसदी और 29 फीसदी तेजी आ चुकी है. ब्रेंट क्रूड अब 50 डॉलर के पार ट्रेड कर रहा है. 2 नवंबर को WTI क्रूड 36 डॉलर प्रति बैरल और ब्रेंट क्रूड 38 डॉलर प्रति बैरल के भाव पर थे. असल में ओपेक देशों द्वारा प्रोडक्शन और सप्लाई को बैलेंस करने के लिए किए गए उपायों और दुनियाभर में कोरोना वैक्सीन आने की उम्मीद में बने मजबूत सेंटीमेंट का नतीजा है. साथ ही यह ग्लोबल इकोनॉमी के लिए एक चमकदार पहलू भी है.

अमेरिका में वैक्सीनेशन कैंपेन शुरू

अमेरिका ने वेक्सीनेशन का अभियान अपने यहां शुरू कर दिया है और उम्मीद है कि करीब 40 ͧमिनिसन डोज 20 मिलियन यानी 2 करोड़ लोगों के लिए पर्याप्त होगी. यानी दिसंबर के अंत तक इन 2 करोड़ लोगों का वैक्सीनेशन हो जाएगा. वहीं मार्च के अंत तक करीब 10 करोड़ की आबादी का वैक्सीनेशन हो सकता है.

हालांकि अमेरिका ने अपने यहां वैक्सीनेशन शुरू कर दिया है, वहीं यूरोप के कुछ देश अभी भी कोरोना वायरस से बचाव के लिए लॉकडाउन लागू कर रहे हैं. जर्मनी में सख्त लॉकडाउन लगाने का एलान हुआ है. कुछ और भी देश ऐसा कर रहे हैं. इससे ईंधन की मांग घट गई.

इटली ने कहा है कि वह क्रिसमस की छुट्टियों पर कड़े प्रतिबंध पर ͪविचार कर रहा , जबकि जर्मनी में अधिकांश दुकानों को 10 जनवरी तक बंद करने का आदेश दिया गया है. इनके जल्द खुलने की संभावना भी कम हैं. ये घटनाएं अमेरिका और यूरोप में चल रही घटनाओं के विपरीत हैं. इसके बाद भी ओपेक ने कोरोनोवायरस महामारी के लगातार प्रभाव के कारण 2021 में प्रतिदिन 350,000 बैरल तेल की मांग में रिकवरी का पूर्वानुमसन लगाया है.

रिग्स काउंट बढ़ रहे हैं

इस सप्ताह अमेरिकी ऊर्जा फर्मों ने जनवरी के बाद से एक सप्ताह में सबसे अधिक तेल और प्राकृतिक गैस रिग्स जोड़े हैं क्योंकि नवंबर के बाद से उप्पादकों को 45 डॉलर प्रति बैरल के साथ तेल की अच्छी कीमत मिल रही है. तेल और गैस रिग्स काउंट भविष्य के उत्पादन का प्रारंभिक संकेत है. बेकर ह्यूज डाटा के मुताबिक 11 दिसंबर के सप्ताह में रिग्स काउंट 15 से 338 तक बढ़ा और यह इस सप्ताह 12 से 258 हो गया है.

अप्रैल 2019 से एक सप्ताह में गैस और रिग्स सबसे अधिक बढ़ा है और यह 4 से 79 तक पहुंच गया. तेल और गैस रिग्स दोनों ने मई के बाद से अपना हाई काउंट हासिल किया. अमेरिकी कच्चे तेल का उत्पादन मई में 2.5 साल के निचले स्तर पर पहुंच गया है लेकिन अभी भी इस साल 910,000 बैरल प्रति दिन (बीपीडी) घटकर 11.34 ͧमिलियन बीपीडी रह जाने की उम्मीद है. दूसरी ओर 14 दिसंबर, 2020 तक लीबियाई तेल उत्पादन 1.28 मिलियन बैरल प्रतिदिन रहा जो नवंबर के अंत में 1.25 मिलियन बीपीडी था.

ओपेक का 2021 के लिए अनुमान

ओपेक का अनुमान है कि ग्लोबल डिमांड अगले साल 5.90 मिलियन बैरल प्रति दिन से बढ़कर 95.89 मिलियन हो जाएगी. एक महीने पहले जताई गई उम्मीद से यह 350,000 बीपीडी कम होने का अनुमान है. अगले साल 27.2 मिलियन बीपीडी की अपेक्षा से इसके क्रूड के लिए ग्रुप के पूर्वानुमान की मांग 200,000 बीपीडी कम होगी. ओपेक+ के नाम से पहचान रखने वाले पेट्रोलियम निर्यातक देशों और सहयोगी संगठन ने आपूर्ति में रिकॉर्ड कटौती की. महामारी की वजह से अप्रैल में आई मांग में गिरावट को सहारा मिला था. ओपेक+ जनवरी में अपने आपूर्ति प्रतिबंधों को कम करते हुए प्रतिदिन अतिरिक्त 500,000 बैरल जोड़ेंगे. हालांकि यह बाजार को अतिरिक्त सहायता प्रदान करने के ͧलए पहले से तय कार्यक्रम के मुकाबले अधिक है.

आगे 1 महीनों में कितना बढ़ेगा भाव

ग्लोबल स्तर पर ईंधन की मांग में बढ़ोत्तरी और दुनियाभर में वेक्सीनेशन प्रोग्राम शुरू होने की वजह से तेल की कीमतों में तेजी आ रही है. तेल बाजार को संतुलित करने के लिए ओपेक के प्रयासों से मार्च के बाद से तेल की कीमतों में बए़ोत्तरी के साथ अच्छे परिणाम मिले हैं. यह उम्मीद 2021 में भी जारी रखनी होगी तभी तेल की कीमतों में विस्तार को रफ्तार मिलेगी. एक महीने के नजरिए से देखें तो डबल्यूटीआई क्रूड (सीएमपी: $ 47) का भाव 52 डॉलर प्रति बैरल हो सकता है. जबकि एमसीएक्स ऑयल फ्यूचर्स (सीएमपी: 3452 रुपये/बीबीएल) आगे चलकर 3900 रुपये/बीबीएल की ओर बढ़ सकता है.

(लेखक: प्रथमेश माल्या, एवीपी रिसर्च, नॉन एग्री कमोडिटी एंड करंसी, एंजेल ब्रोकिंग)

Get Business News in Hindi, latest India News in Hindi, and other breaking news on share market, investment scheme and much more on Financial Express Hindi. Like us on Facebook, Follow us on Twitter for latest financial news and share market updates.

  1. बिज़नस न्यूज़
  2. कारोबार बाजार
  3. Crude Outlook: ग्लोबल डिमांड बढ़ने से महंगा होगा क्रूड, अर्थव्यवस्था के लिए क्या हैं इसके मायने

Go to Top