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आनंद पीरामल को रास आई Snapdeal, ई-कॉमर्स कंपनी में किया बड़ा निवेश

स्नैपडील के को-फाउंडर एवं सीईओ कुणाल बहल का कहना है आनंद का निवेश स्नैपडील के लिए काफी महत्वपूर्ण है.

July 23, 2019 6:50 PM
Anand Piramal invests in Snapdealस्नैपडील के को-फाउंडर एवं सीईओ कुणाल बहल का कहना है आनंद का निवेश स्नैपडील के लिए काफी महत्वपूर्ण है.

पीरामल समूह के कार्यकारी निदेशक आनंद पीरामल (Anand Piramal) ने ई-कॉमर्स कंपनी स्नैपडील (Snapdeal) में निवेश किय है. स्नैपडील ने मंगलवार को यह जानकारी दी है. कंपनी के अनुसार, पीरामल ने अपनी पर्सनल कैपेसिटी में यह निवेश किया है. हालांकि निवेश की डिटेल और ट्रांजैक्शन के बाद स्नैपडील की वैल्युएशन का खुलासा नहीं हो पाया है.

स्नैपडील के को-फाउंडर एवं सीईओ कुणाल बहल का कहना है आनंद का निवेश स्नैपडील के लिए काफी महत्वपूर्ण है और कंपनी पिछले दो साल से ट्रांसफार्मेशन से गुजर रही थी.

स्नैपडील का 2016 के आसपास वैल्यूएशन 6.5 अरब डॉलर के उच्चतम स्तर पर था. स्नैपडील ने सॉफ्टबैंक, चीन की ईकॉमर्स कंपनी अलीबाबा और कनाडा के पेंशन फंड ओनटेरियो टीचर्स पेंशन प्लान (OTPP) जैसी कंपनियों से फंड जुटाए हैं. हालांकि, बाद में प्रतिस्पर्धी कंपनियों फ्लिपकार्ट और अमेजन इंडिया के हाथों मार्केट शेयर घटने लगा. प्रतिस्पर्धी कंपनियों ने भारतीय ई-कॉमर्स में अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए लाखों डॉलर झोंकने शुरू कर दिए, जिसके बाद स्नैपडील का मार्केट शेयर घटने लगा.

स्नैपडील 2.0 ने कर दिया कायापलट

2017 में सॉफ्टबैंक ने स्नैपडील और फ्लिपकार्ट के बीच मर्जर की कोशिश की. हालांकि, स्नैपडील ने फ्लिपकार्ट के 950 मिलियन डॉलर के टेकओवर ऑफर को नकार दिया. इसकी बजाय कंपनी ने भारतीय मार्केट में नई स्ट्रैटजी स्नैपडील 2.0 पर काम करने का फैसला किया. इस स्ट्रैटजी से पिछले दो साल में कंपनी को भारी भरकम घाटे से उबरने में मदद मिली. जोकि 2016-17 के 4647.1 करोड़ रुपये से घटकर 2018-19  में 186 करोड़ रुपये रह गया.

इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू भी बढ़ा, जो पिछले वित्त वर्ष में 925.3 करोड़ रुपये दर्ज किया गया. ज​बकि 2017-18 में स्नैपडील का रेवेन्यू 535.9 करोड़ रुपये था.

सफल रही स्‍नैपडील की स्‍ट्रैटजी: आनंद पीरामल

आनंद पीरामल का कहना है कि स्नैपडील का ​टियर 2 और टियर 3 शहरों पर फोकस करना और कारोबारी स्ट्रैटजी को आगे बढ़ाना पूरी तरह सफल रहा. इन क्षेत्रों में तेजी से बढ़ते इंटरनेट के दायरे का फायदा कंपनी को हुआ. उन्होंने कहा कि 2017 से स्नैपडील का रेवेन्यू मुनाफे के नजरिए से बढ़ा. अभी भी पहली बार ईकॉमर्स खरीदार पहली बार खरीदारी करने को तैयार हैं. स्नैपडील ने भविष्य में तेजी से आगे बढ़ने के लिए अपने को तैयार कर लिया है.

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